आँचल की अय्याशियां

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Kamini
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Re: आँचल की अय्याशियां

Post by Kamini » 06 Dec 2017 22:07

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Re: आँचल की अय्याशियां

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pongapandit
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Re: आँचल की अय्याशियां

Post by pongapandit » 07 Dec 2017 12:33

थॅंक्स बंधुओ अपडेट जल्द ही

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Dolly sharma
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Re: आँचल की अय्याशियां

Post by Dolly sharma » 08 Dec 2017 23:07

waiting

pongapandit
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Re: आँचल की अय्याशियां

Post by pongapandit » 10 Dec 2017 16:29

sabhi ko thanks

pongapandit
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Re: आँचल की अय्याशियां

Post by pongapandit » 10 Dec 2017 16:30

चंडीगढ़ जाने के लिए आँचल और रिया सुबह 7:30 पर न्यू देल्ही रेलवे स्टेशन पहुँच गयीं. कालका शताब्दी एक्सप्रेस 11 am पर चंडीगढ़ पहुँचा देती है. करीब 3:30 घंटे का सफ़र था. ट्रेन में उन दोनों को बिठाकर सुनील वापस चला गया.

थोड़ी देर में ही रिया को नींद आ गयी. आँचल अकेले बैठे हुए बोर हो गयी. सोचने लगी, अभी तो सोकर उठी है, फिर इसे इतनी नींद क्यूँ आ रही है ? लेकिन आँचल को इस बात की भनक भी नही थी की रिया रात में ससुर के साथ रंगरेलियाँ मना रही थी इसलिए उसे अब नींद आ रही थी. लगातार तीन रातों तक रिया ने आँचल के ससुर के साथ चुदाई का आनंद लिया था. ससुर ने चुदाई का इतना मज़ा दिलाया था की रिया उसकी दीवानी हो गयी थी और अपने जवान मंगेतर रवि को भूल ही गयी थी. इसलिए वो अपने घर चंडीगढ़ जाने का प्रोग्राम टालती रही लेकिन आँचल के घर कब तक रहती , जाना तो था ही. ससुर के साथ चुदाई की मीठी यादें लिए वो आज चंडीगढ़ जा रही थी.

आँचल ने देखा ये तो गहरी नींद सो रही है. उसने रिया को रास्ते भर सोने दिया और खुद अकेली बोर होते रही.

जब चंडीगढ़ स्टेशन आने वाला था तो आँचल ने रिया को उठा दिया,” रिया उठ अब. कितना सोएगी. 3 घंटे से ज़्यादा हो गया तुझे सोए हुए.”

रिया ससुर के मीठे सपनो में खोई थी , आँचल के हिलाने से वो एक झटके से उठी.

आँचल बोली,” चंडीगढ़ आने वाला है और तू रास्ते भर सोई रही . रात भर कहाँ थी ?”

रिया ससुर के साथ रात में अपनी चुदाई याद करके झेंप गयी और आँचल को एक मासूम सी स्माइल दे दी. फिर अपने बाल और कपड़े ठीक करने लगी.

चंडीगढ़ स्टेशन पर रिया के मम्मी पापा उन्हें लेने आए थे. कार में बैठकर वो सब रिया के घर पहुँच गये.

फ्रेश होने के बाद रिया और आँचल लंच करने आ गयीं.लंच करते समय रिया की मम्मी कविता पांडे ने रिया की शादी की तैयारियों की बात छेड़ दी. शादी को अभी तीन महीने बचे थे. क्या क्या तैयारियाँ हो चुकी हैं और क्या काम बाकी हैं ये सब बातें हुई. शादी के लिए गहने बनवा लिए थे और कपड़ों की खरीददारी भी हो चुकी थी. फिर फैशन की चर्चा चली.

कविता कहने लगी,” आँचल , चंडीगढ़ में तो तुम्हारी देल्ही से भी ज़्यादा फैशन है. पंजाबन सरदारनियों ने माहौल खराब कर रखा है. ऐसे ऐसे छोटे कपड़े पहनती हैं की पूछो मत.”

आँचल मुस्कुराने लगी , चाची दूसरों की बुराई कर रही है, अपनी लड़की का फैशन नही दिखता इसे.

मम्मी की बातों से रिया बोर हो गयी. कविता थोड़ा पुराने ख्यालों की थी. रिया को भी टोका टाकी करती थी पर एकलौती संतान होने से रिया पापा के बहुत मुंह लगी थी वो उसकी सारी डिमांड पूरी करते थे.

बातों के दौरान आँचल ने महसूस किया की रिया शादी की तैयारियों की बातचीत में उतना उत्साह नही दिखा रही है जितना कोई भी लड़की दिखाती है. क्या बात , ये उतनी एक्साइटेड नही लग रही शादी को लेकर …… ?

शाम को रवि रिया के घर आने वाला था और रिया और आँचल के साथ बाहर घूमने का प्रोग्राम था.

आँचल ने एक टाइट टीशर्ट और जीन्स पहन ली. रवि ने देखा आँचल की चूचियाँ टीशर्ट को फाड़कर बाहर आने तो बेताब हैं. फिर रवि की कार में तीनो बैठ गये और चंडीगढ़ के नज़ारे देखने निकल पड़े. रवि चंडीगढ़ के बारे में आँचल को बताते रहा और कार में झटके खाने से हिलती उसकी चूचियों को देखते रहा.

थोड़ी देर ऐसे ही घूमने के बाद रवि उनको लोकल क्लब ले गया. रिया उस क्लब में आते रहती थी , उसने आँचल को अपनी फ्रेंड्स से मिलवाया. फिर वो स्विमिंग पूल के पास पड़ी बेंचों में बैठ गये. रिया और आँचल दोनों को मालूम था की रवि बार बार आँचल की चूचियों पर नज़र मार रहा है.

रवि बोला,” भाभी थोड़ी स्विमिंग हो जाए.”

आँचल ने मना कर दिया ,”मुझे स्विमिंग नही आती. तुम लोग एंजाय करो.”

रवि निराश हो गया , साली हाँ बोल देती तो बिकिनी में इसका चिकना बदन तो देखने को मिलता.

फिर रवि रिया के साथ क्लब के लॉकर रूम में चला गया और वहाँ से ड्रेस चेंज करके रवि और रिया पूल में तैरने लगे.

आँचल बेंच में अकेली बैठी उन दोनों को और लोगों के साथ तैरते और मौज़ करते देखने लगी. रवि कितना हैंडसम दिखता है. लंबा चौड़ा , गठीला बदन है. रिया सच ही कहती है वास्तव में रवि अच्छा दिखता है. फिर आँचल की नज़र रवि के नेकर पर पड़ी. इतने लंबे चौड़े आदमी का इतना छोटा सिकुड़ा सा लंड होगा कौन सोच सकता है. बिना मुझे छुए ही इसका पानी निकल गया.

आँचल को रवि बहुत हैंडसम लगता था और वो उसके साथ चुदाई को तैयार थी . बल्कि सुनील भी समझ गया था की आँचल रवि की तरफ थोड़ी आकर्षित है. लेकिन रवि के छोटे लंड का ध्यान आते ही आँचल का मन उखड़ गया, बिल्कुल सुनील जैसा छोटा और पतला है.

थोड़ी देर ऐसे ही सोचते हुए आँचल बोर हो गयी, मुझे भी स्विमिंग आती तो मैं भी इनके साथ मज़े करती. पूल में रवि खुलेआम रिया के साथ मस्ती कर रहा था. आँचल का भी दिल मचलने लगा.

कुछ देर बाद रवि और रिया पूल से बाहर आ गये . लॉकर रूम से ड्रेस चेंज करके वो तीनो क्लब से बाहर आ गये.

अब उन्हें एक फ्रेंड के घर पार्टी में जाना था.

रिया बोली,” आँचल घर में अकेली क्या करेगी, बोर होगी, इसे भी पार्टी में लिए चलते हैं.”

पार्टी में रवि और रिया के फ्रेंड्स से उन्होने आँचल को मिलवाया. पार्टी में जमकर पीना पिलाना चल रहा था. तेज म्यूज़िक में जोड़े डांस कर रहे थे.

रवि , रिया और आँचल के साथ बैठ गया. फिर सबके लिए बियर ले आया. आँचल ने पहले तो मना किया , फिर ज़ोर देने पर बियर ले ली. बियर पीने के बाद रवि रिया के साथ डांस करने लगा. आँचल बियर पीते हुए उन दोनों की मस्ती देखती रही. आज उसकी किस्मत में अकेले बैठना ही लिखा था , सुबह से ही वो बोर हो गयी थी. अपना बियर का गिलास खत्म करके आँचल ने एक और गिलास पी लिया. अब उसका दिमाग़ घूमने लगा, पार्टी में उसको ज़्यादा मज़ा नही आ रहा था, कोई भी उसके पहचान का नही था, सभी अजनबी लोग थे. और जो अपने थे वो उसको अकेला छोड़कर डांस कर रहे थे. आँचल सोचने लगी, काश कोई मेरा भी पार्ट्नर होता तो मैं भी मज़े करती.

फिर उसको पेशाब लग गयी. उसने बाथरूम का पता किया और अंदर चली गयी. जैसे ही उसने दरवाज़ा खोला तो वहाँ एक लंबा चौड़ा सरदार पेशाब कर रहा था. आँचल की नज़र उसके लंड पर पड़ी, ओह माय गॉड, कितना बड़ा लंड है. कुछ पल तक वो वहीं पर खड़ी रह गयी. वो आदमी पेशाब कर चुका था और लंड हिलाकर बची हुई बूँदे निकाल रहा था.

फिर आँचल को होश आया और उसने दरवाज़ा बंद कर दिया,” आई ऍम सॉरी …....” और बाहर आ गयी.

तभी सरदार ने दरवाज़ा खोल दिया और बाहर आ गया.

आँचल की तरफ देखकर मुस्कुराते हुए बोला,” आई ऍम रियली सॉरी मैडम. नाउ यू कैन गो.”

उसके मुस्कुराने से आँचल का चेहरा शरम से लाल हो गया. फिर वो बाथरूम के अंदर आ गयी और दरवाज़ा लॉक कर दिया.

आँचल पेशाब करने के लिए बैठ गयी . लेकिन उसके दिमाग़ में वही दृश्य घूम रहा था. माय गॉड, कितना बड़ा लंड था इसका और बेशरम कहीं का, बिना लॉक किए पेशाब कर रहा था.

आँचल को अपनी पैंटी गीली होती महसूस हुई . उसने वॉश बेसिन में मुँह धोया और अपने मन को शांत करने की कोशिश की. जब उसने थोड़ा ठीक महसूस किया तो वो बाथरूम से बाहर आ गयी.

आँचल ने देखा रवि और रिया साथ में बैठे हुए हैं. आँचल भी रिया के बगल में बैठ गयी. कुछ देर बाद रवि रिया के बदन में हाथ फिराने लगा. आँचल के सामने ही वो रिया के होठों को चूमने लगा. आँचल को कुछ अजीब सा लगा लेकिन वो चुपचाप बैठी रही. रिया की पीठ आँचल की तरफ थी और रवि उसके होठों को चूम रहा था. बीच बीच में आंचल उनकी तरफ नज़रें घुमा लेती. अब वो भी गरम होने लगी. उसने देखा रवि चूम रिया को रहा है पर देख मुझे रहा है. रवि के हाथ रिया की पीठ पर और उसके बालों पर घूम रहे थे. शायद रिया के बहाने वो आँचल की आग भड़काना चाहता था.

आँचल ने रवि से नज़रें हटाकर सामने डांस करते जोड़ों पर टिका दी. वहाँ पर भी अब वही चल रहा था. पीने के बाद अब पार्टी में खुलेआम मस्ती हो रही थी. डांस करते वक़्त कोई अपने पार्ट्नर की चूची दबा रहा था, कोई नितंबों को मसल रहा था कोई चुंबन में मगन था.

अब आँचल के बगल में बैठी रिया सिसकारियाँ लेने लगी थी. रवि टीशर्ट के बाहर से उसकी चूचियाँ दबा रहा था . फिर उसने टीशर्ट के अंदर ही हाथ डाल दिया और ज़ोर ज़ोर से रिया की चूचियाँ मसलने लगा. रिया और ज़ोर से सिसकने लगी. आँचल ने एक नज़र उनकी तरफ देखा , रवि सीधा उसको ही देख रहा था. आँचल की चूत से रस बहने लगा. अब उसने अपनी नज़रें नही फिराई , उसने भी सीधे रवि से आँखें मिलाई.

रवि ने देखा , अब सीधे मुझे ही देख रही है, लगता है साली टीज़िंग बिच को गर्मी चढ़ने लगी है. वो खुश हो गया. देल्ही में मेरी मज़ाक बनाई थी. अब कैसे देख रही है मुझे. जैसे ‘प्लीज़ चोद दो मुझे , कह रही हो’ , नशीली आँखें हो रखी हैं इसकी. अगर कुछ देर के लिए रिया से छुटकारा मिल जाए तो , यहीं किसी बेडरूम में ले जाकर इस गरम सेक्सी कुतिया को जी भरकर चोद डालूँगा और इसका घमंड चूर चूर कर दूँगा. आएगी साली तू मेरे लंड के नीचे. ‘स्टिल ए बॉय ‘ कहा था ना तूने मुझसे.

तभी रवि ने देखा , आँचल ने उससे अपनी नज़रें हटा ली और उसकी आँखें फैलकर और बड़ी हो गयी हैं. रवि ने रिया को चूमना बंद कर दिया और पीछे मुड़कर देखने लगा की आँचल ने ऐसा क्या देख लिया.

chandigarh jane ke liye Aanchal aur Riya subah 7:30 par New Delhi railway station pahunch gayin. Kalka shatabdi express 11 am par chandigarh pahuncha deti hai. Kareeb 3:30 ghante ka safar tha. Train mein un dono ko bithakar Sunil wapas chala gaya.

thodi der mein hi Riya ko nind aa gayi. Aanchal akele baithe hue bore ho gayi. Sochne lagi, abhi to sokar uthi hai, phir ise itni nind kyun aa rahi hai ? lekin Aanchal ko is baat ki bhanak bhi nahi thi ki riya raat mein sasur ke sath rangreliyan mana rahi thi isliye use ab nind aa rahi thi. lagatar teen raaton tak riya ne aanchal ke sasur ke sath chudai ka anand liya tha. sasur ne chudai ka itna maza dilaya tha ki riya uski diwani ho gayi thi aur apne jawan mangetar ravi ko bhool hi gayi thi. isliye wo apne ghar chandigarh jane ka program talti rahi lekin aanchal ke ghar kab tak rehti , jana to tha hi. Sasur ke sath chudai ki meethi yaadein liye wo aaj chandigarh ja rahi thi.

Aanchal ne dekha ye to gehri nind so rahi hai. Usne riya ko raste bhar sone diya aur khud akeli bore hote rahi.

Jab chandigarh station aane wala tha to Aanchal ne riya ko utha diya,” riya uth ab. Kitna soyegi. 3 ghante se jyada ho gaya tujhe soye hue.”

Riya sasur ke meethe sapno mein khoyi thi , Aanchal ke hilane se wo ek jhatke se uthi.

Aanchal boli,” chandigarh aane wala hai aur tu raste bhar soyi rahi . raat bhar kahan thi ?”

Riya sasur ke sath raat mein apni chudai yaad karke jhenp gayi aur aanchal ko ek masum si smile de di. phir apne baal aur kapde theek karne lagi.

Chandigarh station par Riya ke mummy papa unhe lene aaye the. car mein baithkar wo sab Riya ke ghar pahunch gaye.

Fresh hone ke baad Riya aur Aanchal lunch karne aa gayin.Lunch karte samay Riya ki mummy Kavita Pandey ne Riya ki shadi ki tayyariyon ki baat ched di. shadi ko abhi teen mahine bache the. kya kya tayyariyan ho chuki hain aur kya kaam baaki hain ye sab baatein hui. Shadi ke liye gehne banwa liye the aur kapdon ki khariddari bhi ho chuki thi. phir fashion ki charcha chali.

Kavita kehne lagi,” Aanchal chandigarh mein to tumhari delhi se bhi jyada fashion hai. Punjaban sardarniyo ne mahool kharab kar rakha hai. Aise aise chote kapde pahanti hain ki pucho mat.”

Aanchal muskurane lagi , chachi dusron ki burayi kar rahi hai, apni ladki ka fashion nahi dikhta ise.

Mummy ki baaton se Riya bore ho gayi. Kavita thoda purane khayalon ki thi. Riya ko bhi toka taki karti thi par eklauti santan hone se Riya papa ke bahut muh lagi thi wo uski saari demand poori karte the.

Baaton ke dauran aanchal ne mehsoos kiya ki Riya shadi ki tayyariyon ki baatcheet mein utna utsah nahi dikha rahi hai jitna koi bhi ladki dikhati hai. Kya baat ye utni excited nahi lag rahi shadi ko lekar …… ?

Sham ko Ravi riya ke ghar aane wala tha aur Riya aur Aanchal ke sath bahar ghoomne ka program tha.

Aanchal ne ek tight tshirt aur jeans pahan li. Ravi ne dekha Aanchal ki chuchiyan tshirt ko fadkar bahar aane to betaab hain. Phir Ravi ki car mein tino baith gaye aur chandigarh ke nazare dekhne nikal pade. Ravi Chandigarh ke baare mein Aanchal ko batate raha aur car mein jhatke khane se hilti uski chuchiyon ko dekhte raha.

Thodi der aise hi ghumane ke baad Ravi unko local club le gaya. Riya us club mein aate rehti thi , usne Aanchal ko apni friends se milwaya. Phir wo swimming pool ke pass padi benchon mein baith gaye. Riya aur Aanchal dono ko maalum tha ki Ravi baar baar Aanchal ki chuchiyon par nazar maar raha hai.

Ravi bola,” bhabhi thodi swimming ho jaye.”

Aanchal ne mana kar diya ,”mujhe swimming nahi aati. Tum log enjoy karo.”

Ravi niraash ho gaya , Saali haan bol deti to bikini mein iska chikna badan to dekhne ko milta.

Phir Ravi Riya ke sath club ke locker room mein chala gaya aur wahan se dress change karke Ravi aur Riya pool mein terne lage.

Aanchal bench mein akeli bethi un dono ko aur logon ke sath terte aur mauz karte dekhne lagi. Ravi kitna handsome dikhta hai. Lamba chauda , gatheela badan hai. Riya sach hi kehti hai vastav mein Ravi accha dikhta hai. Phir aanchal ki nazar ravi ke nekkar par padi. Itne lambe chaude aadmi ka itna chota sikuda sa lund hoga kaun soch sakta hai. Bina mujhe chue hi iska pani nikal gaya.

Aanchal ko Ravi bahut handsome lagta tha aur wo uske sath chudai ko tayyar thi . balki sunil bhi samajh gaya tha ki aanchal ravi ki taraf thodi akarshit hai. Lekin Ravi ke chote lund ka dhyan aate hi aanchal ka man ukhad gaya, bilkul sunil jaisa chota aur patla hai.

Thodi der aise hi sochte hue aanchal bore ho gayi, mujhe bhi swimming aati to mai bhi inke sath maze karti. Pool mein Ravi khuleaam riya ke sath masti kar raha tha. Aanchal ka bhi dil machalne laga.

Kuch der baad Ravi aur Riya pool se bahar aa gaye . locker room se dress change karke wo tino club se bahar aa gaye.

Ab unhe ek friend ke ghar party mein jana tha.

Riya boli,” Aanchal ghar mein akeli kya karegi, bore hogi, ise bhi party mein liye chalte hain.”

Party mein Ravi aur Riya ke friends se unhone Aanchal ko milwaya. Party mein jamkar pina pilana chal raha tha. tej music mein jode dance kar rahe the.

Ravi , riya aur aanchal ke sath baith gaya. phir sabke liye beer le aaya. Aanchal ne pehle to mana kiya , phir jor dene par beer le li. Beer pine ke baad ravi riya ke sath dance karne laga. Aanchal beer pite hue un dono ki masti dekhti rahi. Aaj uski kismat mein akele baithna hi likha tha , subah se hi wo bore ho gayi thi. Apna beer ka glass khatam karke aanchal ne ek aur glass pi liya. Ab uska dimaag ghumne laga, party mein usko jyada maza nahi aa raha tha, koi bhi uske pehchaan ka nahi tha, sabhi ajnabi log the. aur jo apne the wo usko akela chodkar dance kar rahe the. aanchal sochne lagi, kaash koi mera bhi partner hota to mai bhi maze karti.

Phir usko peshab lag gayi. usne bathroom ka pata kiya aur andar chali gayi. jese hi usne darwaza khola to wahan ek lamba chauda sardar peshab kar raha tha. Aanchal ki nazar uske lund par padi, oh my god, kitna bada lund hai. Kuch pal tak wo wahin par khadi reh gayi. wo aadmi peshab kar chuka tha aur lund hilakar bachi hui bunde nikaal raha tha.

Phir Aanchal ko hosh aaya aur usne darwaza band kar diya,” I am sorry…..” aur bahar aa gayi.

Tabhi sardar ne darwaza khol diya aur bahar aa gaya.

Aanchal ki taraf dekhkar muskurate hue bola,” I am really sorry madam. Now you can go.”

Uske muskurane se aanchal ka chehra sharam se laal ho gaya. phir wo bathroom ke andar aa gayi aur darwaza lock kar diya.

Aanchal peshab karne ke liye baith gayi . lekin uske dimaag mein wahi drishya ghoom raha tha. my god , kitna bada lund tha iska aur besharam kahin ka, bina lock kiye peshaab kar raha tha.

Aanchal ko apni panty gili hoti mehsoos hui . usne wash basin mein munh dhoya aur apne man ko shant karne ki koshish ki. Jab usne thoda theek mehsoos kiya to wo bathroom se bahar aa gayi.

Aanchal ne dekha Ravi aur riya sath mein baithe hue hain. Aanchal bhi riya ke bagal mein baith gayi. kuch der baad Ravi riya ke badan mein hath firane laga. Aanchal ke samne hi wo riya ke hothon ko chumne laga. Aanchal ko kuch ajeeb sa laga lekin wo chupchap baithi rahi. Riya ki peeth aanchal ki taraf thi aur Ravi uske hothon ko choom raha tha. beech beech mein aanchl unki taraf nazren ghuma leti. Ab wo bhi garam hone lagi. usne dekha ravi chum riya ko raha hai par dekh mujhe raha hai. Ravi ke hath riya ki peeth par aur uske baalon par ghum rahe the. sayad riya ke bahane wo aanchal ki aag bhadkana chahta tha.

Aanchal ne ravi se nazren hatakar samne dance karte jodon par tika di. wahan par bhi ab wahi chal raha tha. pine ke baad ab party mein khuleaam masti ho rahi thi. dance karte waqt koi apne partner ki chuchi daba raha tha, koi nitambon ko masal raha tha koi chumban mein magan tha.

Ab aanchal ke bagal mein baithi riya siskariyan lene lagi thi. ravi tshirt ke bahar se uski chuchiyan daba raha tha . phir usne tshirt ke andar hi hath daal diya aur jor jor se riya ki chuchiyan masalne laga. Riya aur jor se sisakne lagi. aanchal ne ek nazar unki taraf dekha , ravi sidha usko hi dekh raha tha. aanchal ki choot se ras behne laga. Ab usne apni nazren nahi firayi , usne bhi sidhe ravi se aankhe milayi.

Ravi ne dekha , ab sidhe mujhe hi dekh rahi hai, lagta hai Saali teasing bitch ko garmi chadne lagi hai. Wo khush ho gaya. delhi mein meri majak banayi thi. ab kese dekh rahi hai mujhe. Jese ‘please chod do mujhe, keh rahi ho’ , nashili aankhe ho rakhi hain iski. Agar kuch der ke liye riya se chutkara mil jaye to , yahin kisi bedroom mein le jakar is garam sexy kutiya ko jee bharkar chod dalunga aur iska ghamand chur chur kar dunga. Aayegi saali tu mere lund ke niche. ‘Still a boy ‘ kaha tha na tune mujhse.

Tabhi Ravi ne dekha , Aanchal ne usse apni nazren hata li aur uski aankhe failkar aur badi ho gayi hain. Ravi ne riya ko chumna band kar diya aur piche mudkar dekhne laga ki Aanchal ne aisa kya dekh liya.

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